देहरादून।
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई भीषण मुठभेड़ में एक बदमाश ढेर हो गया, जबकि उसके दो साथी मौके से फरार होने में कामयाब रहे। खास बात यह है कि करीब 17 साल बाद जिले में किसी पुलिस एनकाउंटर में बदमाश की मौत हुई है।

घटना प्रेमनगर थाना क्षेत्र के पौंध इलाके की है। जानकारी के अनुसार, मंगलवार देर रात करीब साढ़े दस बजे कार सवार तीन बदमाशों ने प्रॉपर्टी डीलर देवराज को रास्ते में रोक लिया। विरोध करने पर बदमाशों ने देवराज को गोली मार दी और उनके पास से मोबाइल व करीब दो लाख रुपये से भरा बैग लूटकर फरार हो गए।
घायल देवराज ने पुलिस को सूचना दी और बताया कि बदमाश काले रंग की गुजरात नंबर कार में सवार होकर ‘विश्रांति’ की ओर भागे हैं। सूचना मिलते ही एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल के निर्देश पर पुलिस ने पूरे इलाके में घेराबंदी शुरू कर दी।
पौंधा में आमने-सामने हुई मुठभेड़
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बदमाशों का पीछा किया और पौंधा के पास उन्हें घेर लिया। खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस टीम पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। इस दौरान प्रेमनगर कोतवाली के इंस्पेक्टर नरेश राठौर के हाथ में दो गोलियां लग गईं।
पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए फायरिंग की, जिसमें एक बदमाश के सीने में तीन गोलियां लगीं और वह मौके पर ही गिर पड़ा। घायल बदमाश को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
दो आरोपी फरार, तलाश जारी
मुठभेड़ के दौरान दो बदमाश अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए। पुलिस उनकी तलाश में कॉम्बिंग ऑपरेशन चला रही है।
घायल अस्पताल में भर्ती
घटना में घायल प्रॉपर्टी डीलर देवराज और इंस्पेक्टर नरेश राठौर को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां दोनों का इलाज जारी है।
17 साल बाद एनकाउंटर में मौत
देहरादून में वर्ष 2009 के बाद यह पहला मामला है, जब किसी पुलिस मुठभेड़ में बदमाश की मौत हुई है। इससे पहले चर्चित रणवीर एनकाउंटर हुआ था, जो बाद में फर्जी साबित होने पर पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हुए थे।
अधिकारियों ने लिया जायजा
घटना की सूचना मिलते ही एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल और एसपी सिटी प्रमोद कुमार मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।




