रुद्रपुर। हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की जनसभा के बाद कथित शुद्धिकरण का मामला अब सड़क से पुलिस की चौखट तक पहुंच गया है। कांग्रेस ने सोमवार को रुद्रपुर कोतवाली पहुंचकर पूरे प्रकरण पर कड़ी आपत्ति जताई और आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की। कांग्रेस जिलाध्यक्ष हिमांशु गावा, महानगर अध्यक्ष ममता रानी और पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल के नेतृत्व में कांग्रेसियों ने पुलिस को तहरीर सौंपी।
तहरीर में कांग्रेस ने आरोप लगाया कि आठ अगस्त को रामलीला मैदान में कांग्रेस की जनसभा हुई थी, जिसमें राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे शामिल हुए थे। आरोप है कि 10 अगस्त को श्रीराम धर्मार्थ सेवा न्यास के अध्यक्ष गिरीश चंद्र पांडे और करीब 15 अज्ञात लोगों ने उसी मैदान में यज्ञ कराया और गंगाजल का छिड़काव कर कथित रूप से शुद्धिकरण किया।
कांग्रेस ने इस घटना को सिर्फ एक आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक बराबरी पर सीधा प्रहार करार दिया। नेताओं का आरोप है कि शुद्धिकरण का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित किया गया, जिससे अनुसूचित जाति समाज को अपमानित करने और उन्हें सामाजिक रूप से नीचा दिखाने का संदेश गया। कांग्रेस ने कहा कि संविधान हर नागरिक को समान अधिकार देता है, ऐसे में किसी सार्वजनिक स्थल को किसी व्यक्ति अथवा समुदाय की मौजूदगी के बाद ‘शुद्ध’ करने की मानसिकता गंभीर सवाल खड़े करती है।
तहरीर में आरोप लगाया गया कि इस कृत्य से अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लोगों के प्रति घृणा, वैमनस्य और शत्रुता पैदा करने का प्रयास किया गया। कांग्रेस ने एससी-एसटी अत्याचार निवारण अधिनियम समेत संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज करने की मांग की।
कांग्रेस ने हल्द्वानी पुलिस पर मामले में अब तक मुकदमा दर्ज नहीं करने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई पर सवाल खड़े किए। नेताओं ने दो टूक कहा कि मामला दबाने के बजाय दोषियों पर कानून का शिकंजा कसना चाहिए। कांग्रेस ने आरोपियों की गिरफ्तारी और कठोर कार्रवाई की मांग की।
