वर्षाकाल से पहले तैयारियों को लेकर डीएम की सख्ती, सभी विभाग अलर्ट मोड में रहें : भदौरिया

बिना अनुमति मुख्यालय नहीं छोड़ सकेंगे अधिकारी, बाढ़ चौकियां सक्रिय करने के निर्देश

रुद्रपुर। जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया ने गुरुवार को जिला सभागार में मानसून पूर्व तैयारियों को लेकर संबंधित विभागों के साथ समीक्षा बैठक की। डीएम ने स्पष्ट किया कि बारिश के दौरान बाढ़ और जलभराव की आशंका को देखते हुए सभी विभाग अलर्ट मोड में रहें और समन्वय के साथ कार्य करें।

उन्होंने निर्देश दिए कि वर्षाकाल में कोई भी अधिकारी बिना पूर्व अनुमति मुख्यालय नहीं छोड़ेगा और सभी का मोबाइल हर समय चालू रहना चाहिए। लापरवाही पर आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।

डीएम ने नगर निकायों को नाले-नालियों की सफाई का दूसरा चरण शीघ्र पूर्ण करने और सिंचाई विभाग को नदियों की चैनलाइजेशन व आपदा न्यूनीकरण कार्य जल्द पूरा करने को कहा। इन कार्यों से पहले और बाद की वीडियोग्राफी व फोटोग्राफी अनिवार्य रूप से कराने के भी निर्देश दिए गए।

वर्षा जनित हादसों को रोकने के लिए वन विभाग को कमजोर और झुके हुए पेड़ों की छंटाई/कटाई कराने को कहा गया। वहीं सिंचाई विभाग को जिले की सभी 29 बाढ़ चौकियों को सक्रिय कर वहां 24 घंटे स्टाफ की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

स्वास्थ्य विभाग को सभी अस्पतालों में एंटी वेनम, जलजनित रोगों की दवाएं, जीवन रक्षक दवाएं और एम्बुलेंस की पर्याप्त व्यवस्था रखने को कहा गया। पूर्ति, विद्युत, जल संस्थान और गैस विभाग को आवश्यक आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

संवेदनशील और अतिसंवेदनशील क्षेत्रों में आश्रय स्थलों की पहचान कर वहां बिजली, पानी, शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था दुरुस्त करने को कहा गया। मुख्य शिक्षा अधिकारी को पुराने व जर्जर स्कूल भवनों को चिन्हित कर आवश्यकतानुसार पठन-पाठन बंद कराने और ध्वस्तीकरण कराने के निर्देश मिले।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी मनीष कुमार, एडीएम अशोक कुमार जोशी, एएसपी आरडी मठपाल, नगर आयुक्त नरेश चंद्र दुर्गापाल, एसडीएम, एसएसबी, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे, जबकि उप जिलाधिकारी और अधिशासी अधिकारी वर्चुअल माध्यम से बैठक से जुड़े।