तंत्र-मंत्र के नाम पर 5000 रुपये में बेचता था गोह के अंग, 114 जोड़े बरामद

इंस्टाग्राम के जरिये भी चल रहा था वन्यजीवों के अंगों का कारोबार, जसपुर में आरोपी गिरफ्तार

रुद्रपुर। धन प्राप्ति और तंत्र-मंत्र के नाम पर वन्यजीवों के अंगों की ऊंचे दामों पर बिक्री का मामला सामने आया है। जसपुर में पुलिस और एसओजी काशीपुर की संयुक्त टीम ने एक युवक को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से गोह के अंगों के 114 जोड़े, जंगली सूअर का एक दांत और पांच मोती शंख बरामद किए हैं। वन विभाग की टीम ने बरामद सामग्री की पहचान संरक्षित वन्यजीवों से संबंधित बताते हुए वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई की पुष्टि की।

पुलिस के अनुसार, रविवार को जसपुर में शांति व्यवस्था और संदिग्ध व्यक्तियों की चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि राजपूत सभा भवन गेट के पास एक व्यक्ति वन्यजीवों के अंग बेच रहा है। सूचना पर पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर संदिग्ध को तीन प्लास्टिक के डिब्बों के साथ पकड़ लिया। उसकी पहचान आकाश दीक्षित (32), निवासी बदायूं, उत्तर प्रदेश, हाल निवासी वार्ड चार, जसपुर के रूप में हुई।

डिब्बों की तलाशी लेने पर गोह के अंगों के 114 जोड़े, जंगली सूअर का एक दांत और पांच मोती शंख मिले। मौके पर बुलाए गए जसपुर दक्षिणी रेंज के वन क्षेत्राधिकारी अनुस्वार टम्टा और उनकी टीम ने सामग्री की पहचान की। इसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की धाराओं 9, 39, 49ए, 50 और 51 के तहत मुकदमा दर्ज किया।

500 रुपये में खरीदकर पांच हजार तक में बेचता था

पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह हरिद्वार निवासी अमन से गोह के अंगों के एक जोड़े को 400 से 500 रुपये में खरीदता था। इसके बाद धन प्राप्ति, तंत्र-मंत्र और पूजा-पाठ के नाम पर इन्हें 4000 से 5000 रुपये प्रति जोड़ा तक बेचता था। आरोपी इंस्टाग्राम पर divyapoojasamagri नाम की आईडी के माध्यम से भी इनकी ऑनलाइन बिक्री करता था। पुलिस बरामद सामग्री के स्रोत और इस कारोबार से जुड़े अन्य लोगों के संबंध में जांच कर रही है।

कार्रवाई एसएसपी अजय गणपति के निर्देशन में चलाए जा रहे ऑपरेशन प्रहार के तहत की गई। संयुक्त टीम में जसपुर कोतवाली और एसओजी काशीपुर के पुलिसकर्मी शामिल रहे।