अल्मोड़ा/रानीखेत/नानकमत्ता। सोमवार देर रात से मंगलवार तक कुमाऊं क्षेत्र में हुए तीन अलग-अलग दर्दनाक हादसों में चार युवकों और एक महिला की मौत हो गई। रानीखेत में कार के गहरी खाई में गिरने से दो युवकों ने जान गंवाई, अल्मोड़ा में कोसी नदी में नहाने के दौरान दो युवक डूब गए, जबकि नानकमत्ता में धान की रोपाई कर रही महिला की सांप के डंसने से मौत हो गई। इन घटनाओं से प्रभावित परिवारों में कोहराम मचा हुआ है।
रानीखेत तहसील के तितालीखेत क्षेत्र में सोमवार देर रात एक इंडीवर कार अनियंत्रित होकर करीब 150 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। मंगलवार सुबह ग्रामीणों ने सड़क किनारे टूटा डिवाइडर और नीचे खाई में क्षतिग्रस्त वाहन देखा तो पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस और एसडीआरएफ टीम ने रेस्क्यू अभियान चलाकर दो शव बाहर निकाले। मृतकों में एक की पहचान हल्द्वानी निवासी जीवन जोशी (36) के रूप में हुई है, जबकि दूसरे की पहचान समाचार लिखे जाने तक नहीं हो सकी थी।
उधर, अल्मोड़ा के देवस्थल मंदिर के पास कोसी नदी में नहाने उतरे सोनू कनवाल (27) और धीरज सिंह गढ़िया गहरे पानी में चले गए। साथियों और स्थानीय लोगों ने दोनों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। दोनों युवक अविवाहित थे और परिवार की जिम्मेदारियां संभाल रहे थे। उनकी मौत से परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
वहीं नानकमत्ता क्षेत्र के ग्राम ऐजंनिया में धान की रोपाई कर रही रेखा देवी (45) को जहरीले सांप ने डंस लिया। परिजन उन्हें उपचार के लिए सितारगंज अस्पताल ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद घर भेज दिया गया। घर पहुंचने के कुछ समय बाद उनकी तबीयत फिर बिगड़ गई और दोबारा अस्पताल ले जाने से पहले ही उनकी मौत हो गई।
पुलिस ने तीनों मामलों में शवों का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। लगातार हुई इन दुखद घटनाओं से संबंधित क्षेत्रों में शोक की लहर है।
कोट
“प्रथम दृष्टया तितालीखेत हादसा वाहन के अनियंत्रित होकर खाई में गिरने का मामला प्रतीत होता है। सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।” — राजेंद्र अधिकारी, नायब तहसीलदार, रानीखेत
“कोसी नदी हादसे में दोनों युवकों को अस्पताल लाया गया था, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।” — बलवंत सिंह रावत, सीओ, अल्मोड़ा




