रुद्रपुर। वर्ष 2018 में दर्ज चरस तस्करी के एक मामले में विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए दो वर्ष के कठोर कारावास और 25 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अदालत के फैसले के बाद अभियोजन पक्ष ने इसे पुलिस विवेचना और साक्ष्यों की सफलता बताया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता दीपक कुमार अरोरा ने बताया कि 25 मार्च 2018 की रात उपनिरीक्षक होशियार सिंह पुलिस टीम के साथ क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान फुलसुंगा तिराहे के समीप सूचना मिली कि एक युवक चरस की तस्करी के उद्देश्य से क्षेत्र में घूम रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और संदिग्ध युवक को पकड़ लिया।
पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम दिनेश सिंह मेहरा निवासी डूनी, गंगोलीहाट, जनपद पिथौरागढ़ बताया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 235 ग्राम चरस बरामद हुई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया।
मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस दीपाली शर्मा की अदालत में हुई। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से सात गवाहों को प्रस्तुत किया गया। गवाहों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी पाया।
दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायालय ने दिनेश सिंह मेहरा को दो वर्ष के कठोर कारावास तथा 25 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड जमा न करने की स्थिति में अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अदालत के फैसले को नशे के कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।




