कार समेत पकड़ा गया आरोपी, 27,500 रुपये और दो मोबाइल बरामद; नौकर समेत चार आरोपी फरार
देहरादून। बसंत विहार क्षेत्र में घर में रहने वाले लोगों को खाने में नशीला पदार्थ खिलाकर जेवरात और नकदी चोरी करने के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल सफेद रंग की अर्टिगा कार के साथ दिल्ली निवासी दिनेश सुनार (27) को पकड़ा है। उसके कब्जे से चोरी के 27,500 रुपये और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। मामले में घर में काम करने वाला नौकर भरत थापा समेत चार आरोपी फरार हैं।
पुलिस के अनुसार, राज मार्केट, बल्लीवाला चौक निवासी महिपाल सिंह के घर में 29 और 30 सितंबर की रात चोरी हुई थी। घर में काम करने वाले नौकर भरत थापा ने अपने साथियों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया। आरोप है कि आरोपियों ने घर में रहने वाले भाजपा पार्षद अमिता सिंह और उनके परिवार के सदस्यों को खाने में नशीला पदार्थ मिला दिया। इसके बाद सभी के बेहोश होने पर आरोपी घर से जेवरात और नकदी लेकर फरार हो गए।
घटना के बाद बसंत विहार थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल के निर्देश पर पुलिस की कई टीमें गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू की गई। सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर पुलिस को घटना में भरत थापा के साथ चार अन्य लोगों के शामिल होने और हरियाणा नंबर की कार के इस्तेमाल की जानकारी मिली। इसके बाद पुलिस ने गैर प्रांतों में भी दबिश दी।
इसी दौरान मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने दिनेश सुनार को घटना में इस्तेमाल कार के साथ गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम देने की बात स्वीकार की। पुलिस के मुताबिक, दिनेश मूल रूप से नेपाल का रहने वाला है और दिल्ली में टैक्सी चलाता है। आरोप है कि टैक्सी चलाने की आड़ में वह नेपाली मूल के अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की घटनाओं को अंजाम देता था।
पुलिस के अनुसार, गिरोह के सदस्य पहले घरों में काम करने के बहाने रेकी करते थे। इसके बाद मौका मिलने पर चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। दिनेश टैक्सी से साथियों को घटनास्थल तक पहुंचाने और वारदात के बाद वापस ले जाने का काम करता था। बसंत विहार की घटना के बाद उसे साथियों ने 50 हजार रुपये नकद दिए थे। बाकी रकम चोरी का सामान बिकने के बाद देने की बात कही गई थी।
पूछताछ में भरत थापा के अलावा आदित्य, अभिषेक और एलेक्स के नाम सामने आए हैं। पुलिस के मुताबिक, चारों नेपाली मूल के हैं और फिलहाल फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
नौकर का पहले से आपराधिक इतिहास
एसपी सिटी शेखर सुयाल ने बताया कि फरार चारों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। उनके मुताबिक, घर में काम करने वाले नौकर भरत थापा का पहले से आपराधिक इतिहास रहा है। जिस एजेंसी के माध्यम से उसे काम पर रखा गया था, उसने भी उसका सत्यापन नहीं कराया था। पीड़ित परिवार की ओर से भी नौकर का सत्यापन नहीं कराया गया था। पुलिस ने एजेंसी को ब्लैक लिस्ट करने के लिए संबंधित राज्य को जानकारी भेज दी है।
