रीठा साहिब जोड़ मेले की तैयारियां तेज, 29 मई से जुटेंगे देश-विदेश के श्रद्धालु

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लोहाघाट, संवाददाता। चम्पावत जनपद स्थित विश्व प्रसिद्ध गुरुद्वारा श्री रीठा साहिब में आयोजित होने वाला तीन दिवसीय वार्षिक जोड़ मेला 29 मई से शुरू होने जा रहा है। ‘मीठे रीठे’ के चमत्कार के लिए विख्यात इस पावन स्थल पर हर वर्ष की तरह इस बार भी देश-विदेश से बड़ी संख्या में सिख श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। मेले को लेकर तैयारियां अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं।

गुरुद्वारा प्रबंधक बाबा श्याम सिंह ने बताया कि आयोजन को भव्य और सुव्यवस्थित बनाने के लिए व्यवस्थाओं को तेजी से अंतिम रूप दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि दिल्ली गुरुद्वारा से जुड़े बाबा सुरेंद्र सिंह के दिशा-निर्देशन में श्रद्धालुओं के ठहरने, लंगर और अन्य सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

इस बीच पुष्कर सिंह धामी द्वारा गुरुद्वारा श्री रीठा साहिब के लिए दिल्ली और देहरादून से सीधी हेली सेवा शुरू करने की घोषणा ने श्रद्धालुओं की उम्मीदों को और बढ़ा दिया है। बाबा सुरेंद्र सिंह ने इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि यदि मेले से पूर्व हेली सेवा शुरू हो जाती है, तो दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए यात्रा अत्यंत सरल हो जाएगी।

वर्तमान में गुरुद्वारे के उत्तर दिशा में एक अस्थायी हेलीपैड मौजूद है, जहां समय-समय पर वीआईपी आवागमन होता रहा है। जिलाधिकारी मनीष कुमार इस घोषणा को अमल में लाने के लिए सक्रिय रूप से प्रयासरत हैं। उन्होंने बताया कि गुरुद्वारा श्री रीठा साहिब जिले की धार्मिक पहचान है, जिसे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर श्रद्धा के साथ देखा जाता है।

जिलाधिकारी के अनुसार, तीर्थ यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सड़क मार्ग के विस्तार, यातायात प्रबंधन और अन्य मूलभूत व्यवस्थाओं को भी मजबूत किया जा रहा है। प्रशासन को उम्मीद है कि यदि समय रहते हेली सेवा शुरू हो जाती है, तो भविष्य में इसका नियमित संचालन भी संभव हो सकेगा।

मेले की व्यवस्थाओं को लेकर गुरुद्वारा प्रबंधन और जिला प्रशासन के बीच लगातार समन्वय बना हुआ है। आयोजकों का लक्ष्य है कि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो और यह धार्मिक आयोजन भव्यता के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हो।

फोटो कैप्शन: गुरुद्वारा प्रबंधक बाबा श्याम सिंह एवं दिल्ली गुरुद्वारा के बाबा सुरेंद्र सिंह मेले की तैयारियों पर चर्चा करते हुए।

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