रुद्रपुर। नानकमत्ता क्षेत्र में स्मैक तस्करी के मामले में विशेष एनडीपीएस अदालत ने तीन युवकों को दोषी करार देते हुए कारावास की सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश दीपाली शर्मा की अदालत ने 19 अगस्त को फैसला सुनाते हुए तीनों पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माना अदा नहीं करने पर अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
मामला सात जनवरी 2026 का है। नानकमत्ता पुलिस की टीम शाम करीब 6:05 बजे सड़ासड़िया-मच्छीझाला बैराज मार्ग पर गश्त कर रही थी। छठ पूजा स्थल के पास पुलिस को एक स्पोर्ट्स बाइक के साथ तीन युवक संदिग्ध हालत में खड़े मिले। पूछताछ के दौरान तीनों सकपका गए। पुलिस के अनुसार तलाशी के दौरान तीनों ने अपनी-अपनी जेब से पारदर्शी पन्नियां निकालकर उनमें स्मैक होने की बात स्वीकार की। मौके पर कार्रवाई की ई-साक्ष्य एप के जरिये वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी की गई।
पुलिस ने अरविंद रावल (20) निवासी कंचनपुर, नेपाल के कब्जे से 5.75 ग्राम, संतोष बराल (27) निवासी कंचनपुर, नेपाल से 7.40 ग्राम और हर्षित चंद (22) निवासी बिचई, टनकपुर से 4.05 ग्राम स्मैक बरामद की थी।
पूछताछ में तीनों ने बिजली कॉलोनी नानकमत्ता निवासी योगेश और लखविंदर उर्फ लक्की से व्हाट्सएप कॉल के जरिये स्मैक खरीदने की बात बताई थी। सुनवाई के दौरान तीनों ने आरोप और अभियोजन के दस्तावेज स्वीकार करते हुए सजा में नरमी की गुहार लगाई।
अदालत ने अरविंद रावल और संतोष बराल को एक-एक माह के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। वहीं, पांच ग्राम से कम मात्रा में स्मैक मिलने के कारण हर्षित चंद को 15 दिन के सश्रम कारावास से दंडित किया गया। तीनों पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। जुर्माना नहीं देने पर तीनों को 15-15 दिन का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। सजा के बाद तीनों को उपकारागार हल्द्वानी भेज दिया गया।




