। ऊधम सिंह नगर पुलिस की नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई को बड़ी सफलता मिली है। विशेष न्यायाधीश (एन.डी.पी.एस. एक्ट) की अदालत ने 245 ग्राम चरस के साथ पकड़े गए आरोपी को दोषी ठहराते हुए एक वर्ष के कठोर कारावास और 25 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने पर आरोपी को दो माह की अतिरिक्त साधारण कैद भुगतनी होगी।
अभियोजन पक्ष के अनुसार मामला 18 नवंबर 2016 का है। उस दिन उपनिरीक्षक जसविंदर सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम काशीपुर के एम.पी. चौक पर संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान शाम करीब सवा छह बजे तहसील मोड़ की ओर से एक युवक लाल रंग की थैली लेकर आता दिखाई दिया। पुलिस को देखकर युवक घबराकर वापस मुड़ने लगा, जिस पर पुलिस टीम को संदेह हुआ और घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया गया।
पूछताछ में युवक ने अपना नाम मोहम्मद शमीम बताया। तलाशी लेने पर उसकी थैली से नीली पन्नी में रखा बत्तीनुमा पदार्थ बरामद हुआ, जिसकी पहचान चरस के रूप में हुई। मौके पर वजन कराने पर चरस 245 ग्राम निकली। आरोपी ने पूछताछ में स्वीकार किया कि वह पहाड़ी क्षेत्रों से चरस लाकर मैदानी इलाकों में ऊंचे दामों पर बेचता था।
मामले की सुनवाई विशेष सत्र परीक्षण संख्या 339/2017 के तहत चली। अभियोजन की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता दीपक कुमार अरोरा ने प्रभावी पैरवी की। अदालत ने पुलिस द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपी को एन.डी.पी.एस. एक्ट की धारा 20(b)(ii)(b) के तहत दोषी करार दिया।
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम में कांस्टेबल संदीप पांडे और जगमोहन सिंह भी शामिल रहे, जिनकी गवाही अदालत में महत्वपूर्ण साबित हुई।




