आखिरकार….खरगे रैली के बाद शुद्धिकरण हवन पर बवाल, महिला अधिवक्ता की तहरीर पर अज्ञात लोगों के खिलाफ SC-ST एक्ट और IT एक्ट में प्राथमिकी, पुलिस जांच में जुटी

हल्द्वानी। रामलीला मैदान में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की शंखनाद रैली के बाद कराए गए कथित शुद्धिकरण हवन का मामला अब पुलिस कार्रवाई तक पहुंच गया है। महिला अधिवक्ता अंजू की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट समेत आईटी एक्ट की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है।

आरोप है कि खरगे की रैली समाप्त होने के बाद कुछ लोगों ने रामलीला मैदान में शुद्धिकरण के नाम पर हवन कराया था। महिला अधिवक्ता का कहना है कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष एससी समाज से आते हैं। ऐसे में उनके कार्यक्रम के बाद शुद्धिकरण हवन कराए जाने से जातिगत भावनाएं आहत हुई हैं।

मामले में महिला अधिवक्ता अंजू ने 15 अगस्त को पुलिस को तहरीर दी थी। हालांकि, तहरीर मिलने के बाद पुलिस जांच का हवाला देती रही और तत्काल प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई। इसके बाद मामला बंगलुरू में जीरो एफआईआर दर्ज होने तक पहुंचा। जीरो एफआईआर के बाद नैनीताल पुलिस ने महिला अधिवक्ता की तहरीर पर कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज किया है।

पुलिस ने मामले में एससी-एसटी एक्ट के साथ आईटी एक्ट की संबंधित धारा भी लगाई है। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद अब पुलिस की जांच में हवन कराने वालों की पहचान और उनकी भूमिका सामने लाने की कवायद शुरू हो गई है।

एसएसपी डॉ. मंजुनाथ टीसी ने बताया कि मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। जांच की जिम्मेदारी हल्द्वानी सीओ अमित कुमार सैनी को सौंपी गई है। पुलिस जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ नियमानुसार आगे की कार्रवाई करेगी।

मामले की जांच के साथ अब पुलिस हवन से जुड़े लोगों और घटना के पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटाएगी।