रुद्रपुर। गदरपुर क्षेत्र में हुए बहुचर्चित जसवीर हत्याकांड में अदालत ने कड़ा फैसला सुनाया है। तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री मुकेश चंद्र आर्य की अदालत ने मुख्य आरोपी जगजीत सिंह उर्फ जग्गा को हत्या का दोषी मानते हुए आजीवन कठोर कारावास की सजा सुनाई है। वहीं, आर्म्स एक्ट के मामले में सह-आरोपी प्रदीप सिंह उर्फ पित्ता को तीन वर्ष के कठोर कारावास से दंडित किया गया है।
यह मामला 5 अगस्त 2022 का है। ग्राम चंदनपुरा, गदरपुर निवासी सिकंदर पाल ने पुलिस में दर्ज कराई तहरीर में बताया था कि उसके भाई जसवीर सिंह उर्फ पिच्चू का ग्राम रोशनपुर निवासी जगजीत सिंह और प्रदीप सिंह से एक वर्ष पूर्व विवाद हुआ था, जिसे पंचायत के माध्यम से सुलझा लिया गया था। इसके बावजूद दोनों आरोपी रंजिश रखने लगे और सोशल मीडिया व फोन के जरिए जसवीर को जान से मारने की धमकियां देने लगे।
घटना के दिन शाम करीब सात बजे जसवीर सिंह गांव बहराबजीर स्थित एक किराना स्टोर पर कोल्ड ड्रिंक लेने जा रहा था। तभी दो बाइकों पर सवार होकर आरोपी अपने साथियों के साथ वहां पहुंचे और अभद्रता करने लगे। आरोप है कि प्रदीप सिंह के उकसाने पर जगजीत सिंह ने तमंचे से गोली चला दी, जो जसवीर की कमर में लगी। घायल जसवीर की महज 15 मिनट बाद मौत हो गई। हमलावर मौके से हवाई फायरिंग करते हुए फरार हो गए।
पुलिस ने पांच आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। सुनवाई के दौरान गवाहों और साक्ष्यों के आधार पर 24 दिसंबर को अदालत ने जगजीत को हत्या व आर्म्स एक्ट तथा प्रदीप को आर्म्स एक्ट में दोषी ठहराया था। शुक्रवार को सजा सुनाते हुए अदालत ने जगजीत पर 10 हजार और प्रदीप पर एक हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।



