भोपाल (मध्य प्रदेश)। दीपावली की रात मध्य प्रदेश में जश्न के बीच हड़कंप मच गया। देशी पटाखा गन यानी कार्बाइड गन के धमाकों से पूरे प्रदेश में करीब 300 लोग घायल हो गए, जिनमें से 186 घायल अकेले राजधानी भोपाल से हैं। घायलों में अधिकतर युवा और बच्चे शामिल हैं, जिनका इलाज हमीदिया समेत शहर के कई अस्पतालों में चल रहा है।
🚨 प्रशासन की बड़ी कार्रवाई:
मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से कार्बाइड गन के निर्माण, खरीद और बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया है। साथ ही ऐसी गनों को जब्त करने के लिए विशेष अभियान शुरू कर दिया गया है।
👨⚕️ अस्पतालों में अफरा-तफरी, नेता पहुंचे हाल जानने:
डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ला और भोपाल कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने हमीदिया अस्पताल पहुंचकर घायलों का हालचाल लिया।
कलेक्टर ने अस्पताल प्रशासन को घायलों के बेहतर इलाज की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
💰 घायलों को मिली आर्थिक सहायता:
कलेक्टर ने मौके पर ही रेडक्रॉस सोसाइटी के माध्यम से घायलों को 5-5 हजार रुपये की आर्थिक मदद उपलब्ध कराई।
⚖️ सीएम ने लिया संज्ञान, जारी हुआ प्रतिबंध आदेश:
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए तत्काल रिपोर्ट तलब की। इसके बाद भोपाल कलेक्टर ने धारा 163 भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 के तहत आदेश जारी करते हुए जिले में
कार्बाइड गन के निर्माण, खरीद, बिक्री और उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया।
🚔 पुलिस ने पकड़े 2 आरोपी, भारी मात्रा में कार्बाइड बरामद:
इस बीच पुलिस ने कार्बाइड गन बेचने वाले दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
दोनों के पास से 10 किलो कार्बाइड और 4 पाइप गन बरामद हुई हैं। उनके खिलाफ विस्फोटक अधिनियम 1884 और भारतीय न्याय संहिता की धारा 288 के तहत कार्रवाई की गई है।
👁️🗨️ आगे की कार्रवाई:
कलेक्टर ने सभी एसडीएम और थाना क्षेत्रों को निर्देश दिए हैं कि ग्यारस, नववर्ष और विवाह समारोहों में कार्बाइड गन के उपयोग को पूरी तरह रोका जाए। साथ ही अवैध विक्रेताओं पर नकेल कसने के लिए विशेष दल गठित किए गए हैं।




