ऊर्जा निगम में हुई एक बड़ी लापरवाही के मामले में अब जिम्मेदारों पर कार्रवाई की गई है। करंट लगने से लाइनमैन की दर्दनाक मौत के बाद उपखंड अधिकारी ने दोषी पाए गए ऑपरेटर और सुपरवाइजर को सेवा से हटा दिया है।
रविवार रात मलसा गिरधरपुर क्षेत्र में सत्या मेटल इंडस्ट्री में बिजली फॉल्ट की सूचना पर लाइनमैन शिव कुमार मौके पर पहुंचे थे। 48 वर्षीय शिव कुमार, निवासी शिमला पिस्तौर, ऊर्जा निगम में स्वयं सहायता समूह के माध्यम से कार्यरत थे। उन्होंने शटडाउन की पुष्टि के बाद लाइन पर काम शुरू किया ही था कि करंट लगने से वह बुरी तरह झुलस गए और मौके पर ही गिर पड़े।
कुछ देर बाद उनकी मौत हो गई। इस पूरे हादसे में शटडाउन प्रक्रिया में लापरवाही सामने आई। जांच के बाद कुरैया सबस्टेशन के ऑपरेटर अरहान और सुपरवाइजर नसीम अहमद को दोषी पाया गया।
ऊर्जा निगम उपखंड अधिकारी, किच्छा:
“हादसे में प्रथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर ऑपरेटर अरहान और सुपरवाइजर नसीम अहमद की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई हैं।”
एक ओर जहां लाइनमैन की मौत ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया, वहीं अब कार्रवाई से यह संकेत जरूर गया है कि ऊर्जा विभाग लापरवाही बर्दाश्त नहीं करेगा। लेकिन सवाल ये भी है कि क्या भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए विभाग कोई ठोस व्यवस्था बनाएगा?



