उत्तराखंड में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई सामने आई है। उत्तराखंड एसटीएफ ने एसओजी चंपावत और थाना बनबसा पुलिस के साथ संयुक्त ऑपरेशन में तीन अंतरराज्यीय नशा तस्करों को गिरफ्तार कर साल 2025 की अब तक की सबसे बड़ी हेरोइन की खेप बरामद की है।
उत्तराखंड एसटीएफ की कुमाऊं यूनिट ने एसओजी चंपावत और थाना बनबसा पुलिस के साथ मिलकर ज्वाइंट ऑपरेशन के दौरान बनबसा थाना क्षेत्र से तीन शातिर अंतरराज्यीय नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से करीब 800 ग्राम हेरोइन बरामद की गई है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 2 करोड़ 40 लाख रुपये बताई जा रही है।
गिरफ्तार तस्करों की पहचान सुरज दीप सिंह, करनेल सिंह और गुरमीत सिंह के रूप में हुई है। तीनों आरोपी उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के रहने वाले हैं और लंबे समय से नशे के अवैध कारोबार में लिप्त बताए जा रहे हैं। पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया है कि वे उत्तर प्रदेश से उत्तराखंड के रास्ते नेपाल में हेरोइन की तस्करी करते थे।
जानकारी के अनुसार, आरोपी बाइक के माध्यम से मादक पदार्थ उत्तराखंड ला रहे थे, जिसकी सप्लाई नेपाल में की जानी थी। आरोपियों ने यह भी स्वीकार किया कि वे इससे पहले भी उत्तराखंड, नेपाल, मुंबई और गोवा जैसे इलाकों में नशे की बड़ी खेप पहुंचा चुके हैं।
फिलहाल एसटीएफ की टीम तीनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है और इस अंतरराज्यीय नेटवर्क से जुड़े अन्य ड्रग्स पैडलरों की पहचान की जा रही है। कई और नाम सामने आए हैं, जिन पर जल्द कार्रवाई की तैयारी है।
बाइट – नवनीत भुल्लर, एसएसपी एसटीएफ:
“मुख्यमंत्री के ‘ड्रग्स-फ्री देवभूमि’ अभियान के तहत उत्तराखंड में नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। उसी क्रम में यह बड़ी सफलता मिली है। गिरफ्तार आरोपियों में से एक के खिलाफ लखीमपुर खीरी में पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं।”
उत्तराखंड एसटीएफ की इस कार्रवाई को नशे के खिलाफ बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। जांच एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने की दिशा में तेजी से कार्रवाई कर रही हैं।



