कंजाबाग रोड निवासी 60 वर्षीय प्रॉपर्टी डीलर जशोधर भट्ट ने मंगलवार को अपने लाइसेंसी रिवॉल्वर से खुद को गोली मार ली, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। आत्महत्या के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल सका है। घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्र में सनसनी फैल गई।
जानकारी के अनुसार, जशोधर भट्ट पुत्र प्रेम बल्लभ भट्ट सुबह घर से बाइक पर अपने ऑफिस जाने की बात कहकर निकले थे। कुछ समय बाद सुजिया गांव में नहर की पटरी से लगे नाले के किनारे झाड़ियों में उनका खून से लथपथ शव मिला। शव के पास उनकी बाइक और लाइसेंसी रिवॉल्वर पड़ी थी। बकरी चरा रहे एक व्यक्ति ने शव देख ग्राम प्रधान मंजू राना को सूचना दी, जिन्होंने तत्काल पुलिस को अवगत कराया।
सूचना पर एसआई किशोर पंत मौके पर पहुंचे। जांच के दौरान मृतक की जेब में रखा मोबाइल लगातार बज रहा था। कॉल रिसीव करने पर सामने से बेटे गौरव भट्ट का फोन आया, जिसके बाद शव की शिनाख्त जशोधर भट्ट के रूप में हुई। एसआई पंत ने उच्चाधिकारियों को जानकारी दी, जिसके बाद पुलिस क्षेत्राधिकारी विमल रावत, कोतवाल विजेंद्र शाह और एसएसआई ललित मोहन रावल पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे।
पुलिस ने मौके की बैरिकेटिंग कर रुद्रपुर से फॉरेंसिक टीम को बुलाया और साक्ष्य जुटाए। सीओ विमल रावत के अनुसार, मौत के कारणों की जांच की जा रही है और सभी पहलुओं पर पड़ताल जारी है।
बताया जा रहा है कि जशोधर भट्ट कंजाबाग में ‘प्रेमजी’ नाम से एक अस्पताल भी संचालित करते थे। उनके निधन से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। वह अपने पीछे पत्नी, पुत्र गौरव भट्ट—जो पेशे से दंत चिकित्सक हैं—और पुत्री बबीता भट्ट को छोड़ गए हैं, जो दिल्ली में फैशन डिजाइनिंग का कोर्स कर रही हैं। घटना की खबर फैलते ही परिजन, परिचित और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल पर पहुंच गए।



