रुद्रपुर।
माता-पिता की डांट से नाराज होकर घर से निकले चार बच्चे भटकते हुए दिल्ली से रुद्रपुर पहुंच गए। ट्रांजिट कैंप क्षेत्र में संदिग्ध हालत में बैठे इन बच्चों को देखकर राहगीरों को शक हुआ, जिसके बाद मामले की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सभी बच्चों को अपने संरक्षण में ले लिया और परिजनों को इसकी जानकारी दे दी।
जानकारी के मुताबिक शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे ट्रांजिट कैंप क्षेत्र में चार बच्चे—दो नाबालिग लड़कियां और दो किशोर—एक स्थान पर बैठे हुए थे। राहगीरों की नजर जब इन बच्चों पर पड़ी तो उन्हें संदेह हुआ। इस पर उन्होंने स्थानीय भाजपा नेता को इसकी सूचना दी। भाजपा नेता मौके पर पहुंचे और बच्चों से बातचीत कर उनकी स्थिति के बारे में जानकारी ली।
पूछताछ में बच्चों ने बताया कि वे दिल्ली के निहाल विहार थाना क्षेत्र के रहने वाले हैं। कुछ दिन पहले माता-पिता की डांट से नाराज होकर वे घर से निकल गए थे। इसके बाद वे पहले किसी ट्रेन में चढ़ गए और फिर बस के जरिए रुद्रपुर पहुंच गए। हालांकि बच्चों को यह ठीक से पता नहीं था कि वे किन-किन स्थानों से होते हुए यहां तक पहुंचे।
मामले की गंभीरता को देखते हुए भाजपा नेता ने तुरंत ट्रांजिट कैंप थाना पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी मोहन पांडे पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और बच्चों से आवश्यक जानकारी लेने के बाद उन्हें सुरक्षित अपने संरक्षण में ले लिया।
थाना प्रभारी मोहन पांडे ने बताया कि बच्चे माता-पिता की डांट से नाराज होकर घर से निकल गए थे और भटकते हुए रुद्रपुर पहुंच गए। बच्चों के परिजनों और दिल्ली के संबंधित थाना पुलिस को सूचना दे दी गई है। दिल्ली पुलिस की टीम बच्चों को लेने के लिए रवाना हो चुकी है।
फिलहाल चारों बच्चों को सुरक्षित रखा गया है और उनके परिजनों के आने के बाद उन्हें सुपुर्द किया जाएगा।



