उत्तराखंड के उत्तराखंड से इस वक्त बड़ी खबर सामने आ रही है। नैनीताल और उत्तरकाशी जिले में जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मच गया। ई-मेल के जरिए मिली इस धमकी के बाद दोनों जिलों में अदालत परिसरों को एहतियातन खाली करा लिया गया और सघन तलाशी अभियान चलाया गया।
जानकारी के मुताबिक, नैनीताल जिला एवं सत्र न्यायालय को निशाना बनाते हुए ऑल इंडिया जजेस एसोसिएशन के नाम से एक ई-मेल भेजा गया। ई-मेल में दावा किया गया कि जजों के चैंबर में 12 आरडीएक्स बम और आईईडी लगाए गए हैं। इसके साथ ही तमिलनाडु में ईडब्ल्यूएस आरक्षण रोके जाने की मांग का भी जिक्र किया गया।
धमकी मिलने के बाद नैनीताल, हल्द्वानी और रामनगर की अदालतों में पुलिस बल तैनात कर दिया गया। कोर्ट रूम, जजों के चैंबर, वकीलों के कार्यालय और पूरे परिसर की डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक दस्ते की मदद से गहन जांच की गई। सुरक्षा कारणों से वकीलों, न्यायिक कर्मचारियों और आम नागरिकों को बाहर कर दिया गया, जिससे सुबह से अदालती कामकाज पूरी तरह प्रभावित रहा।
नैनीताल के एसएसपी डॉक्टर मंजूनाथ टीसी ने बताया कि ई-मेल के माध्यम से बम होने की सूचना मिली थी। एसओपी के अनुसार कार्रवाई करते हुए बीडीएस और डॉग स्क्वॉड की टीमों को जांच में लगाया गया है। फिलहाल जांच में कोई आपत्तिजनक वस्तु बरामद नहीं हुई है।
वहीं जिला बार एसोसिएशन नैनीताल के अध्यक्ष भगवत प्रसाद ने बताया कि ई-मेल मिलते ही प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों को सूचना दे दी गई थी और परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
उधर, उत्तरकाशी जिला एवं सत्र न्यायालय को भी इसी तरह की धमकी मिली है। नगर कोतवाल भावना कैंथोला के अनुसार मेल में कोर्ट परिसर में आरडीएक्स होने का दावा किया गया था। सूचना मिलते ही पूरे न्यायालय परिसर को खाली कराकर जांच शुरू कर दी गई।
फिलहाल दोनों जिलों में सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं और धमकी भरे ई-मेल के स्रोत का पता लगाने में जुटी हैं। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की है।




