संवाददाता,रूद्रपुर।
न्यायालय के पीठासीन अधिकारी के खिलाफ फेसबुक पर आपत्तिजनक और अमर्यादित टिप्पणी के दोषी को तीन वर्ष का कारावास की सजा सुनाई गई। न्यायिक मजिस्ट्रेट ने दोनों पक्षों की जिरह सुनने के बाद अपना फैसला सुनाया।
एडीजीसी बसंती गिरि ने बताया कि प्रथम अपर सिविल जज कार्याल य में तैनात लिपिक राजीव ठाकुर ने मुकदमा दर्ज करवाते हुए बताया था कि वर्ष 2020 में बिलासपुर चीनी मिल बिलासपुर यूपी व तत्काली न वक्त में रहने वाले कल्याणी व्यू रुद्रपुर निवासी हरजीत सिंह ने फेस बुक आईडी पर न्यायालय के पीठासीन अधिकारी के खिलाफ अमर्यादित व आपत्तिजनक टिप्पणी डालकर वायरल की थी। अभियुक्त वर्ष 2 022 तक सोशल मीडिया का दुरुप्रयोग करता रहा। कई बार नोटिस व हिदायत देने के बाद भी जब कोई सुधार नहीं आया। तो प्रकरण की सु नवाई न्यायिक मजिस्ट्रेट रिजवान अंसारी की अदालत में शुरू हुई। ज हां एडीजीसी बसंती गिरि ने अदालत के सामने आठ गवाह पेश किए और सोशल मीडिया कर दुरुप्रयोग करना सिद्व कर दिया। दोनों पक्षों की जिरह सुनने के बाद अदालत ने आईटी एक्ट के दोषी हरजीत सिंह को तीन वर्ष का कारावास और पांच हजार रुपये अर्थदंड देने की सजा सुनाई।


