रुद्रपुर। श्री गुरु नानक देव जी महाराज के प्रकाशोत्सव के उपलक्ष्य में मंगलवार को शहर में महान नगर कीर्तन का भव्य आयोजन किया गया। नगर कीर्तन में शहर सहित आसपास के क्षेत्रों से आए हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लेकर गुरु नानक देव जी के उपदेशों और शिक्षाओं को स्मरण किया। पूरा वातावरण गुरु भक्ति और सेवा भाव से सराबोर नजर आया।
भव्य नगर कीर्तन का शुभारंभ श्री गुरु नानक हायर सेकेंडरी स्कूल से अरदास के साथ हुआ। सबसे आगे पारंपरिक वेशभूषा में एक श्रद्धालु श्री निशान साहिब लेकर चल रहा था, जिसके पीछे पूरे अनुशासन और श्रद्धा के साथ पांच प्यारे अग्रसर हो रहे थे। ढोल-नगाड़ों और बैंड की मधुर धुनों के बीच “बोले सो निहाल… सत श्री अकाल!” के जयघोष से पूरा शहर गूंज उठा।
श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का पवित्र स्वरूप एक सुसज्जित वाहन में विराजमान किया गया था। आगे-आगे श्रद्धालु सड़क पर झाड़ू लगाते और पानी का छिड़काव करते चल रहे थे, जिससे स्वच्छता और सेवा की परंपरा का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत हुआ। नगर कीर्तन का पूरा मार्ग तोरण द्वारों, रंग-बिरंगी झालरों और पुष्प सज्जा से सुसज्जित था।
नगर कीर्तन में विभिन्न विद्यालयों के बच्चों ने स्कूल ड्रेस और रंग-बिरंगी पोशाकों में आकर्षक पीटी प्रदर्शन प्रस्तुत कर लोगों का मन मोह लिया। वहीं गतका पार्टी द्वारा दिखाए गए पारंपरिक युद्धक करतबों ने श्रद्धालुओं को रोमांचित कर दिया।
नगर कीर्तन का मुख्य मार्ग गुरु नानक हायर सेकेंडरी स्कूल से प्रारंभ होकर आदर्श कॉलोनी रोड, काशीपुर बाईपास रोड, अग्रवाल धर्मशाला रोड, भगत सिंह चौक, गल्ला मंडी, काशीपुर रोड, इंदिरा चौक, नगर निगम, रोडवेज, डीडी चौक, अग्रसेन चौक, गांधी पार्क और महाराजा रणजीत सिंह पार्क होते हुए गुरु सिंह सभा गुरुद्वारा, गोल मार्केट पर संपन्न हुआ। मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालु संगत ने पुष्पवर्षा कर नगर कीर्तन का स्वागत किया और श्रद्धालुओं को फल, पानी, हलवा, चना, बुरकुट व अन्य प्रसाद वितरित किया।
महिलाओं और पुरुषों के अलग-अलग जत्थे गुरु महाराज की शबद कीर्तन करते हुए आगे बढ़ते रहे। शहर का प्रत्येक कोना गुरु भक्ति और उल्लास से ओतप्रोत दिखाई दिया।
नगर कीर्तन में पंच प्यारे — सोमपाल सिंह, दलजीत सिंह, अमरजीत सिंह, राजन सिंह और जगजीत सिंह — विशेष रूप से शामिल रहे। इस अवसर पर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान जोगेन्द्र सिंह, मीत प्रधान गुरमीत सिंह बाठला, जनरल सेक्रेटरी रक्षपाल सिंह, मीत सेक्रेटरी बहरजीत सिंह विस्दी, खजांची अजमेर सिंह सहित समिति के अन्य पदाधिकारी एवं शहर के प्रबुद्ध नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
संगत में गुरशरण सिंह, सतवीर सिंह, गुरजीत सिंह, महेन्द्र सिंह, रविन्द्र सिंह, जसपाल सिंह भट्टी, मनजीत सिंह मक्कड़, सतनाम सिंह हुंडल, परविन्दर सिंह पम्मा, सुरमुख सिंह विर्क, हरविन्दर सिंह, कुलवंत सिंह, हरभजन सिंह, कमलजीत सिंह, गुरपाल सिंह, हरविन्दर सिंह सन्नी, अवतार सिंह, गुरनाम सिंह चावला, तजिन्दर सिंह लाटू, संतोख सिंह, बलवंत सिंह, लखबीर सिंह, हरमन जोत सिंह, कंवलजीत कौर, मनजीत कौर, तरनजीत कौर, तलविन्दर कौर, रूपेन्दर कौर भल्ला व अन्य श्रद्धालु शामिल हुए।
हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति में निकले इस महान नगर कीर्तन ने रुद्रपुर शहर को गुरु नानक देव जी महाराज की शिक्षाओं, सेवा भावना और भक्ति रस में सराबोर कर दिया। पूरा नगर गुरु प्रेम और सद्भाव का सजीव उदाहरण बन गया।




