गैरसैंण: उत्तराखंड विधानसभा का भराड़ीसैंण में आहूत मानसून सत्र विपक्ष के हंगामे और सरकार की कार्यशैली को लेकर उठे विवाद के कारण बीच में ही ठप हो गया। दो दिन का यह सत्र केवल 2 घंटे 40 मिनट तक ही चल पाया। प्रश्नकाल तक नहीं हो सका। इसी बीच नाराज नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य और कांग्रेस विधायक प्रीतम सिंह ने कार्यमंत्रणा समिति की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया।
दोनों नेताओं ने विधानसभा अध्यक्ष को पत्र लिखकर आरोप लगाया कि कार्यमंत्रणा समिति में संख्या बल के आधार पर एकतरफा फैसले लिए जा रहे हैं। यहां तक कि 19 से 22 अगस्त तक निर्धारित सत्र को बिना समिति की बैठक बुलाए ही 20 अगस्त को अचानक अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया गया। कांग्रेस ने इसे उत्तराखंड की जनता के साथ धोखा बताया।
प्रीतम सिंह ने कहा कि सरकार सदन को चलाने में तानाशाहीपूर्ण रवैया अपना रही है। कांग्रेस की ओर से पंचायत चुनाव में सत्ता के दुरुपयोग और बिगड़ती कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दे उठाने थे, लेकिन उस पर चर्चा का मौका ही नहीं दिया गया। अब कांग्रेस ने ऐलान किया है कि वह जनता की आवाज़ सड़क पर उठाएगी। इसी क्रम में आज भराड़ीसैंण में कांग्रेस विधायक मोमबत्ती जलाकर विरोध प्रदर्शन करेंगे।




